केंद्रीय ऊर्जा मंत्रालय एवं राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन विभाग को नैनीताल हाईकोर्ट का निर्देश कहा- चमोली में आई आपदा के बाद गठित कमेटियों की जांच रिपोर्ट कोर्ट में करें पेश

केंद्रीय ऊर्जा मंत्रालय एवं राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन विभाग को नैनीताल हाईकोर्ट का निर्देश कहा- चमोली में आई आपदा के बाद गठित कमेटियों की जांच रिपोर्ट कोर्ट में करें पेश

रिपोर्ट- नैनीताल
नैनीताल- उत्तराखंड के रैणी तपोवन में अाई आपदा को लेकर दायर जनहित याचिका पर आज नैनीताल हाईकोर्ट ने अहम सुनवाई करते हुवे ऊर्जा मंत्रालय भारत सरकार एवं राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन विभाग को उनके द्वारा आपदा के बाद गठित कमेटियों की रिपोर्ट को कोर्ट के समक्ष पेश करने के आदेश जारी किये है।
हाईकोर्ट में आज राज्य सरकार ने मामले पर अपना पक्ष रखते हुवे कहा कि आपदा से प्रभावित हुवे 204 कर्मचारियों में से करीब 120 लोगों को मुआवजा राशि का वितरण किया जा चुका है बाकी अन्य को भी मुआवजा देने की योजना है जिस पर कोर्ट ने सरकार से पूछा कि बतायें आपदा के दौरान बड़ी संख्या में नेपाली श्रमिक भी प्रभावित हुवे थे उनको किस तरह से मुआवजा राशि दी जाए?
कोर्ट ने राज्य व केंद्र सरकार को निर्देश जारी कर कहा जब तक समस्त पीड़ित परिवारों को मुआवजा राशि का वितरण नही किया जाता है तब तक सभी परिवारों को खाने,रहने व स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं दी जाए साथ ही कहा कि आपदा के बाद जो जांच समितियां गठित की गई थी उनकी समस्त रिपोर्ट्स को कोर्ट के समक्ष पेश किया जाए और मामले की अग्रिम सुनवाई के लिये 8 सितंबर की तिथि नियत की है।


आपको बता दें कि सामाजिक कार्यकर्ता व उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी के अध्यक्ष पी.सी. तिवारी की तरफ से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए मुख्य न्यायाधीश रंगनाथ चौहान एवं न्यायमूर्ति आलोक वर्मा की खंडपीठ ने उक्त आदेश जारी किये हैं।

उत्तराखंड