विकास की रफ्तार ने रोकी जलधार- ग्राम अधौड़ा में ध्वस्त हुई सिंचाई नहर- एक वर्ष से ग्रामीण परेशान- सब्जी व दुग्ध उत्पादन के लिये प्रसिद्ध अधौड़ा में सूखे जैसे हालात- ग्रामीणों ने कहा पानी नहीं तो मुआवजा दे सरकार

विकास की रफ्तार ने रोकी जलधार- ग्राम अधौड़ा में ध्वस्त हुई सिंचाई नहर- एक वर्ष से ग्रामीण परेशान- सब्जी व दुग्ध उत्पादन के लिये प्रसिद्ध अधौड़ा में सूखे जैसे हालात- ग्रामीणों ने कहा पानी नहीं तो मुआवजा दे सरकार

रिपोर्ट- नैनीताल
नैनीताल- विकास हमेशा खुशियां लेकर नहीं आता कभी-कभी हम विकास के पथ पर चलते-चलते कैसे लोगों की रोजी पर संकट डाल देते हैं इसकी बानगी अगर आपको देखनी है तो अधौड़ा गांव में देखिये।

नैनीताल से 17 किलोमीटर की दूरी पर स्थित अधौड़ा गांव प्राकृतिक रुप से समृद्ध गांव है यहाँ बड़े पैमाने पर साग सब्जी का उत्पादन होता है दुग्ध उत्पादन के लिये भी इस क्षेत्र की खास पहचान है लेकिन पिछले एक वर्ष से ग्रामीण परेशान हैं।

दरअसल प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत ग्राम कूण तक सड़क बन रही है जिसमें ठेकेदारों द्वारा कटान का मलवा अनियोजित तरीके से डंप किया जा रहा है नतीजा ग्राम अधौड़ा की सिंचाई नहर कई हिस्सों में पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है मलवे के ढेर तले ग्रामीणों की खुशियां उनकी रोजी कुचले जा रहे हैं लेकिन सुनने वाला कोई नहीं है।


ठेकेदारों की करतूतों से पिछले कई महीनों से नहर बंद पड़ी है नतीजा इसका सीधा असर अधौड़ा की खेती किसानी पर पड़ रहा है ग्रामीण परेशान हैं।
ग्रामीणों के मुताबिक सारी फसलें बर्बाद हो गई है मटर की बुवाई भी किसान नहीं कर पा रहे हैं पानी के बिना यहाँ सूखे जैसे हालात हो गये हैं।
ग्रामीणों की सरकार से एक ही गुहार है उनकी सिंचाई नहर जल्द से जल्द दुरुस्त की जाये नहीं तो उनकी पूरी आर्थिकी संकट में आ जायेगी और गांव भूखमरी की कगार पर खड़ा हो जायेगा ग्रामीणों की मांग है कि सरकार या तो पानी दे ये जीवन यापन के लिये मुआवजा।

अब देखना होगा क्या शासन-प्रशासन इनकी सुध लेगा शहरों में विकास का नया मॉडल सोशल मीडिया के जरिये प्रसिद्धि पाने वाले अधिकारियों की नजर कब अधौड़ा गांव पर पड़ती है।

उत्तराखंड